‘वोट चोरी’ के खिलाफ कांग्रेस का आंदोलन, रामलीला मैदान में राहुल गांधी और प्रियंका समेत तमाम बड़े नेता होंगे शामिल

नई दिल्ली: कांग्रेस पार्टी आज दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ महारैली आयोजित कर रही है। यह रैली कथित वोट चोरी, चुनावी अनियमितताओं और स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया में गड़बड़ी के खिलाफ है। पार्टी का आरोप है कि चुनाव आयोग और केंद्र सरकार मिलकर लोकतंत्र को कमजोर कर रहे हैं।

रैली में पार्टी के शीर्ष नेता राहुल गांधी (लोकसभा में विपक्ष के नेता), मल्लिकार्जुन खड़गे (कांग्रेस अध्यक्ष) और प्रियंका गांधी वाड्रा (महासचिव) मुख्य रूप से संबोधित करेंगे। इसके अलावा केसी वेणुगोपाल, जयराम रमेश, सचिन पायलट जैसे वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहेंगे। पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की उपस्थिति की भी संभावना है।

रैली की मुख्य बातें:

  • समय और स्थान: दोपहर 12:30 बजे से शुरू, रामलीला मैदान।
  • उद्देश्य: वोट चोरी के खिलाफ जन जागरण, चुनाव सुधारों की मांग और चुनाव आयोग पर दबाव।
  • तैयारियां: देशभर से लाखों कार्यकर्ता दिल्ली पहुंच चुके हैं। पार्टी ने दावा किया है कि ‘वोट चोरी’ के खिलाफ अभियान में करीब 5.5 करोड़ हस्ताक्षर जुटाए गए हैं, जिन्हें रैली में प्रदर्शित किया जाएगा।
  • नेताओं का जमावड़ा: वरिष्ठ नेता पार्टी मुख्यालय इंदिरा भवन से बसों में सवार होकर मैदान पहुंचेंगे।

राहुल गांधी ने संसद में इस मुद्दे पर तीखा हमला बोला था और सबूतों के साथ वोट चोरी के आरोप लगाए थे। पार्टी का कहना है कि SIR प्रक्रिया के जरिए विपक्षी वोटरों के नाम काटे जा रहे हैं और फर्जी वोटर जोड़े जा रहे हैं। कांग्रेस इस रैली को लोकतंत्र बचाने की लड़ाई का बड़ा कदम बता रही है।

  • दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने तैयारियों का जायजा लिया और इसे ऐतिहासिक बताया।
  • कई राज्यों से कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल हो रहे हैं।
  • रैली से पहले संसद में भी इस मुद्दे पर गहमागहमी रही, जहां राहुल गांधी ने चुनाव सुधारों की मांग की।

यह रैली 2026 के विधानसभा चुनावों से पहले कांग्रेस की रणनीति का हिस्सा मानी जा रही है, जहां पार्टी चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर जोर दे रही है। लाखों लोगों की भीड़ जुटने की उम्मीद है, जो लोकतंत्र की रक्षा के लिए बड़ा संदेश देगी।