पाकिस्तान की शर्मनाक हरकत: श्रीलंका के बाढ़ पीड़ितों को भेजा 1 साल पुराना एक्सपायरी खाना, सोशल मीडिया पर मचा बवाल!

कोलंबो : पाकिस्तान ने एक बार फिर अपनी ‘मानवीय सहायता’ की सच्चाई दुनिया के सामने उजागर कर दी। चक्रवात ‘दितवाह’ से प्रभावित श्रीलंका को बाढ़ और भूस्खलन की तबाही से उबारने के नाम पर भेजी गई राहत सामग्री में सड़े-गले, एक्सपायरी डेट वाले खाद्य पदार्थ निकले।

दूध पाउडर, आटा और अन्य जरूरी सामान पर अक्टूबर 2024 की एक्सपायरी डेट थी, जो अब 1 साल से ज्यादा पुराना हो चुका। पाकिस्तानी हाई कमीशन ने खुद सोशल मीडिया पर तस्वीरें शेयर कीं, लेकिन नेटिजन्स ने इन्हें ही सबूत बना दिया। आइए, जानते हैं इस विवाद की पूरी डिटेल और क्यों मच गया है बवाल।

श्रीलंका की तबाही और पाकिस्तान की ‘मदद’

तबाही का आलम: 28 नवंबर 2025 को चक्रवात दितवाह ने श्रीलंका के पूर्वी और उत्तरी तटों पर कहर बरपाया। भारी बारिश से बाढ़ और भूस्खलन हुआ, जिसमें 200 से ज्यादा लोग मारे गए। लाखों लोग बेघर हो गए, और हजारों भारतीयों को भी निकाला गया। भारत ने ‘ऑपरेशन सागर बंधु’ के तहत 53 टन राहत सामग्री भेजी, जिसमें हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू भी शामिल था।

खुलासा: लेकिन श्रीलंकाई अधिकारियों ने कस्टम चेक के दौरान पाया कि कई कार्टन एक्सपायरी हो चुके थे। दूध पाउडर और बिस्किट जैसे आइटम अक्टूबर 2024 (पैकिंग अक्टूबर 2022) के एक्सपायरी वाले थे। ये सामान न सिर्फ बेकार, बल्कि स्वास्थ्य के लिए खतरनाक साबित हो सकते थे।

श्रीलंका के आपदा प्रबंधन विभाग ने इसे ‘गंभीर चिंता’ बताया और अनौपचारिक रूप से पाकिस्तान को शिकायत की। कोलंबो ने कहा, “मानवीय सहायता में ऐसी लापरवाही अस्वीकार्य है।”

सोशल मीडिया पर बवाल: ‘गारबेज डंपिंग’ से ‘नीचता की हद’
पाक हाई कमीशन की पोस्ट पर ही कमेंट्स की बाढ़ आ गई। नेटिजन्स ने तस्वीरों को ज़ूम करके ‘EXP: 10/2024’ को हाइलाइट किया। कुछ चुनिंदा रिएक्शन्स

  • तुर्की भूकंप (2023): पाकिस्तान ने तुर्की को भेजी एड में एक्सपायरी दवाएं और फूड मिले थे।
  • पिछले केस: अक्सर दूसरे देशों से मिली पुरानी सहायता को ‘रीसाइकल’ कर भेजा जाता रहा। आर्थिक तंगी (सार्वजनिक कर्ज 300 बिलियन डॉलर से ऊपर) के चलते ये ‘डेड इकोनॉमी’ का हिस्सा लगता है।
  • इस बार का ट्विस्ट: खुद की पोस्ट ने पोल खोल दी, जिससे डिप्लोमेटिक एम्बैरसमेंट बढ़ गया।

श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके ने स्पेशल फंड बनाया, लेकिन पाकिस्तान की ‘मदद’ ने विश्वास तोड़ दिया। भारत की तुलना में पाक का ये कदम और शर्मनाक लग रहा। श्रीलंका ने आने वाली सभी एड पर सख्त चेकिंग के आदेश दिए। कोलंबो ने कहा, “भविष्य में ऐसी गलतियां बर्दाश्त नहीं।” पाकिस्तान की ओर से कोई ऑफिशियल स्टेटमेंट नहीं आया, लेकिन सोर्सेज के मुताबिक, वो ‘मिसप्रिंट’ या ‘मिसरीडिंग’ का बहाना बना सकता है।