नई दिल्ली: संसद का शीतकालीन सत्र आज से शुरू होते ही विपक्ष ने जोरदार हंगामा मचा दिया। लोकसभा और राज्यसभा दोनों सदनों में SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) मुद्दे पर नारे लगते ही सदन 2 बजे तक स्थगित हो गया। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग पर भाजपा के इशारे पर काम करने का आरोप लगाते हुए तंज कसा, ‘क्या BLO की मौतें भी ड्रामा हैं?’ वहीं, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने विपक्ष को फटकार लगाते हुए कहा कि सदन सुचारू रूप से चलाना सभी की जिम्मेदारी है। यह विवाद सत्र की पहली ही बैठक में भड़क गया, जब विपक्ष ने ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ के नारे लगाए।
अखिलेश का हमला: अखिलेश यादव ने संसद भवन के बाहर मीडिया से बातचीत में चुनाव आयोग (ECI) और भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, “भाजपा के इशारे पर चुनाव आयोग SIR प्रक्रिया को तेज कर रहा है, जो लोकतंत्र पर हमला है। 12 राज्यों में मतदाता सूची संशोधन के नाम पर लाखों वोटरों के नाम काटे जा रहे हैं। क्या ये सब ड्रामा है?” उन्होंने BLO (बूथ लेवल ऑफिसर) की मौतों का जिक्र करते हुए पूछा, “20 दिनों में 26 BLO की मौतें हुईं, क्या ये भी ड्रामा हैं? फतेहपुर में सुधीर कुमार कोरी ने दबाव में सुसाइड किया, मलीहाबाद के विजय कुमार वर्मा की पत्नी संगीता को हम 2 लाख की मदद देंगे। ECI को मृतक BLO परिवारों को 1 करोड़ मुआवजा देना चाहिए।”
SIR पर आरोप: अखिलेश ने दावा किया कि SIR के तहत घोसी में 20,000 वोटरों के नाम काटे गए। BLO को ट्रेनिंग के बिना टारगेट दिए जा रहे हैं, जिससे मानसिक तनाव बढ़ा। भाजपा ने नोएडा की प्राइवेट कंपनी को काम आउटसोर्स किया है, जो चुनावी हेरफेर का सबूत है।
संसद में एक्शन: SP ने स्थगन प्रस्ताव दिया है, जिसमें SIR रोकने की मांग है। अखिलेश ने कहा, “ये वोटबंदी है, संसद में उठाएंगे और सड़कों पर उतरेंगे।”
केंद्रीय मंत्री और LJP (RV) प्रमुख चिराग पासवान ने लोकसभा स्थगन के बाद विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “सदन चलाना सभी की जिम्मेदारी है। एक मुद्दे SIR पर पूरा मानसून सत्र धुल गया, अब फिर वही ड्रामा? नए सांसदों को मौका छीनना गलत है।” चिराग ने पीएम मोदी के ‘ड्रामा नहीं, डिलीवरी’ बयान का समर्थन किया और बोले, “विपक्ष मुद्दे उठा सकता है, लेकिन हंगामा करके राजनीतिक छवि चमकाना लोकतंत्र विरोधी है।”
नए सांसदों पर जोर: चिराग ने कहा, “2014 में जब मैं आया, तो एक दिन की स्थगना भी दुख देती थी। अब पहले सांसदों को क्वेश्चन आवर, जीरो आवर में बोलने का मौका मिलना चाहिए। सरकार हर मुद्दे पर चर्चा को तैयार है।”
बिहार कनेक्शन: बिहार चुनाव जीत के बाद चिराग ने कहा, “विपक्ष हार का बदला सदन में ले रहा है। विकास पर फोकस करें।”
कांग्रेस सांसद किरण कुमार चमाला ने चिराग के ‘स्पीड ब्रेकर’ वाले पुराने बयान पर पलटवार किया, “हम ब्रेकर नहीं, महत्वपूर्ण मुद्दों पर बहस सुनिश्चित करने वाले हैं। सत्र सिर्फ 15 दिनों का क्यों? चर्चा रोकने की साजिश।”
सत्र का पहला दिन: हंगामा और बिल पेश
सत्र की शुरुआत सुबह 11 बजे हुई, लेकिन 30 मिनट में ही नारों से सदन ठप। राज्यसभा में नए सभापति सीपी राधाकृष्णन का स्वागत हुआ, लेकिन वहां भी SIR पर नारे लगे। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ‘हेल्थ सिक्योरिटी फ्रॉम नेशनल सिक्योरिटी सेस बिल, 2025’ और ‘सेंट्रल एक्साइज (अमेंडमेंट) बिल, 2025’ पेश किया। विपक्ष ने दिल्ली प्रदूषण, महंगाई और बेरोजगारी पर भी बहस की मांग की।