यूपी का मेगा प्लान: 1 ट्रिलियन इकोनॉमी के लिए CM योगी का ‘मास्टरस्ट्रोक’, सरकार ने रखा टारगेट

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने राज्य को देश का ‘ग्रोथ इंजन’ बनाने की दिशा में अपने कदम तेज़ कर दिए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट किया है कि सरकार का लक्ष्य यूपी को $1 ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था बनाना है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए वित्त वर्ष 2026-27 का बजट मुख्य आधार बनेगा।

प्लान की 5 बड़ी बातें

ऐतिहासिक बजट: सरकार ने ₹9,12,696.3 करोड़ का अब तक का सबसे बड़ा बजट पेश किया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 12.9% अधिक है।

युवाओं को 10 लाख रोजगार: कौशल विकास और नए उद्योगों के जरिए 10 लाख युवाओं को रोजगार से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए ‘टेक युवा-समर्थ युवा’ योजना और AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) मिशन की शुरुआत की जाएगी।

इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर: गंगा एक्सप्रेस-वे का विस्तार, नए एयरपोर्ट्स और इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के निर्माण के लिए ₹2 लाख करोड़ से अधिक का प्रावधान किया गया है।

महिला सशक्तिकरण: बेटियों की शादी के लिए ₹1 लाख की सहायता और महिलाओं को ब्याज मुक्त ऋण देने के लिए ‘महिला उद्यमी क्रेडिट कार्ड’ जैसी योजनाएं शामिल हैं।

रियल-टाइम डेटा मॉनिटरिंग: आर्थिक प्रगति पर नज़र रखने के लिए ‘स्टेट डेटा अथॉरिटी’ का गठन किया जाएगा, जो योजनाओं के क्रियान्वयन की सटीक निगरानी करेगी।

यूपी की अर्थव्यवस्था का वर्तमान हाल
GSDP: उत्तर प्रदेश की सकल राज्य घरेलू उत्पाद (GSDP) वर्तमान में लगभग ₹30.25 लाख करोड़ होने का अनुमान है।

विकास दर: राज्य 12% से अधिक की विकास दर के साथ आगे बढ़ रहा है।

देश में स्थान: यूपी अब भारत की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है और राष्ट्रीय GDP में इसका योगदान 9% तक पहुँच गया है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का कहना है कि “यह बजट केवल आंकड़ों का खेल नहीं, बल्कि 25 करोड़ जनता की समृद्धि और ‘विकसित उत्तर प्रदेश’ का संकल्प है।”