लखनऊ: उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने आज सदन में वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश किया। सरकार ने इस बार ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र को आगे बढ़ाते हुए समाज के हर वर्ग के लिए खजाना खोल दिया है।
- बेटियों के लिए बड़ी सौगात: ‘कन्यादान’ राशि हुई दोगुनी
- बजट में महिला सशक्तिकरण को लेकर सबसे बड़ा ऐलान ‘मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना’ और अन्य कन्या विवाह योजनाओं को लेकर हुआ है।
- अनुदान राशि में वृद्धि: अब तक गरीब परिवारों की बेटियों की शादी के लिए दी जाने वाली 51,000 रुपये की सहायता राशि को बढ़ाकर 1 लाख रुपये (या 1.01 लाख रुपये) कर दिया गया है।
- कन्या सुमंगला योजना: इस योजना के तहत भी लाभार्थियों को दी जाने वाली कुल राशि को बढ़ाकर 25,000 रुपये किया गया है, जो विभिन्न चरणों में बेटियों को दी जाती है।
- स्वास्थ्य क्रांति: 14 नए मेडिकल कॉलेज का रास्ता साफ
- प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सरकार ने बुनियादी ढांचे पर भारी निवेश का एलान किया है:
- नए मेडिकल कॉलेज: प्रदेश के 14 जिलों (जैसे पीलीभीत, औरैया, कानपुर देहात, कुशीनगर आदि) में नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना और संचालन के लिए बजट का प्रावधान किया गया है।
- बजट आवंटन: चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए लगभग 15,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि प्रस्तावित है।
- इमरजेंसी सुविधाएं: हर जिला अस्पताल में इमरजेंसी और ट्रॉमा सेंटर की स्थापना का लक्ष्य रखा गया है।
युवाओं के लिए 10 लाख रोजगार का लक्ष्य
सरकार ने दावा किया है कि निवेश और नई योजनाओं के माध्यम से आगामी वर्ष में 10 लाख युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे।
मुफ्त टैबलेट और स्मार्टफोन: स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के तहत स्मार्टफोन/टैबलेट वितरण का कार्य जारी रहेगा।