नई दिल्ली: 1 फरवरी 2026 को पेश होने वाले आम बजट में केंद्र सरकार “विकसित भारत” के संकल्प को गति देने के लिए स्टैंड-अप इंडिया स्कीम 2.0 की घोषणा कर सकती है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य दलित, आदिवासी और महिला उद्यमियों को आर्थिक रूप से और अधिक सशक्त बनाना है।
Stand-Up India II: क्या होगा खास?
लोन की सीमा में भारी बढ़ोतरी: वर्तमान में स्टैंड-अप इंडिया के तहत ₹10 लाख से ₹1 करोड़ तक का लोन मिलता है। नए प्रस्ताव के अनुसार, इसे बढ़ाकर ₹2 करोड़ किया जा रहा है, ताकि उद्यमी बड़े स्तर पर “ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट” शुरू कर सकें।
ब्याज दर में रियायत: इस योजना के तहत बैंकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे उस श्रेणी की सबसे कम लागू ब्याज दर (Base Rate + 3% + Tenor Premium से कम) पर कर्ज उपलब्ध कराएं।
5 लाख नए उद्यमियों का लक्ष्य: सरकार का लक्ष्य अगले 5 वर्षों में कम से कम 5 लाख नए महिला और SC/ST उद्यमियों को इस योजना के दायरे में लाना है।
प्रोसेसिंग में आसानी: स्टैंड-अप इंडिया 2.0 में डिजिटल पोर्टल के जरिए लोन प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और तेज बनाया जाएगा।
किसे मिलेगा लाभ? (Eligibility)
आवेदक की आयु 18 वर्ष से अधिक होनी चाहिए।
आवेदक SC/ST वर्ग से हो या महिला उद्यमी हो।
लोन केवल ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट (पहली बार शुरू किए जा रहे नए व्यवसाय) के लिए ही मान्य होगा।
यदि कंपनी है, तो 51% शेयरधारिता SC/ST या महिला उद्यमी के पास होनी चाहिए।
व्यवसाय के प्रकार:
इस लोन का उपयोग आप निम्नलिखित क्षेत्रों में कर सकते हैं:
विनिर्माण (Manufacturing): छोटी फैक्ट्री या यूनिट लगाना।
सेवा क्षेत्र (Services): आईटी, लॉजिस्टिक्स या अन्य सेवा आधारित बिजनेस।
व्यापार (Trading): थोक या खुदरा व्यापार।
कृषि संबद्ध गतिविधियां: पोल्ट्री, डेयरी, मत्स्य पालन आदि।
आवेदन कैसे करें?
इच्छुक उद्यमी स्टैंड-अप मित्र पोर्टल (www.standupmitra.in) पर जाकर या अपने नजदीकी सरकारी/निजी बैंक की शाखा में संपर्क कर सकते हैं। बजट 2026 में आधिकारिक घोषणा के बाद नए नियम लागू कर दिए जाएंगे।